पर्वतीय एवं पूर्वाेत्तर राज्यों में मिला प्रथम स्थान जबकि देशभर में ‘फ्रंट रनर’ श्रेणी में मिली जगह
देहरादून: उत्तराखण्ड ने निवेश के क्षेत्र में महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल करते हुए नीति आयोग द्वारा जारी निवेश अनुकूलता सूचकांक-2026 में पर्वतीय एवं पूर्वाेत्तर राज्यों की श्रेणी में समग्र रूप से प्रथम स्थान प्राप्त किया है। वहीं, देश के सभी राज्यों एवं केन्द्रशासित प्रदेशों में 47.5 अंकों के साथ 11वां स्थान प्राप्त कर उत्तराखण्ड ने ‘‘फ्रंट रनर’’ श्रेणी में अपना स्थान बनाया है।
इस सूचकांक में राज्यों एवं केन्द्रशासित प्रदेशों का मूल्यांकन व्यावसायिक वातावरण, आधारभूत संरचना, संसाधनों की उपलब्धता तथा वित्तीय स्वास्थ्य जैसे प्रमुख मानकों के आधार पर किया गया है। इसमें पर्वतीय एवं पूर्वाेत्तर राज्यों में उत्तराखण्ड द्वारा समग्र निवेश अनुकूलता सूचकांक में प्रथम, वित्तीय स्वास्थ्य में प्रथम, व्यावसायिक वातावरण में द्वितीय, संसाधन में द्वितीय तथा आधारभूत संरचना में तृतीय रैंकिंग प्राप्त की है।
मुख्यमंत्री ने राज्य को नीति आयोग के विभिन्न सूचकांकों में प्राप्त रैंकिंग को बताया प्रदेश के लिए बड़ी उपलब्धि
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि ‘नीति आयोग’ के निवेश अनुकूलता सूचकांक-2026 में उत्तराखण्ड का पर्वतीय एवं पूर्वाेत्तर राज्यों में प्रथम स्थान प्राप्त करना पूरे प्रदेश के लिए गौरव का विषय है। यह उपलब्धि राज्य सरकार की निवेशक हितैषी नीतियों, पारदर्शी शासन व्यवस्था, त्वरित निर्णय प्रक्रिया और बेहतर औद्योगिक वातावरण का प्रतिफल है। राज्य सरकार ‘विकल्प रहित संकल्प’ के साथ उत्तराखण्ड को देश का अग्रणी निवेश गंतव्य बनाने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार निवेशकों को विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराने, उद्योगों के लिए अनुकूल वातावरण विकसित करने, आधारभूत संरचना को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित करने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह उपलब्धि उत्तराखण्ड में निवेश, औद्योगिक विकास और समावेशी आर्थिक प्रगति को नई गति प्रदान करने में मददगार रहेगी।


