चमोली: चारधाम यात्रा 2026 की तैयारियों को लेकर मंगलवार को जिलाधिकारी गौरव कुमार और पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार ने बस में सवार होकर कमेड़ा से बदरीनाथ धाम तक हाईवे का स्थलीय निरीक्षण किया. इस दौरान उन्होंने बदरीनाथ हाईवे के साथ ही यात्रा मार्गों पर पेयजल, शौचालय, पंजीकरण, स्वास्थ्य, पार्किंग, स्ट्रीट लाइट आदि व्यवस्थाओं का जायजा लिया. उन्होंने सभी संबंधित विभाग के अधिकारियों को यात्रा से पूर्व सभी व्यवस्थाएं चाक-चौबंध करने के निर्देश दिए.
चमोली जिले में स्थित श्री बदरीनाथ धाम की यात्रा इस वर्ष 23 अप्रैल 2026 से शुरु होगी. जिसे लेकर चमोली जिला प्रशासन की ओर से तीर्थयात्री सुविधाओं को जुटाने का कार्य युद्ध स्तर पर शुरु कर दिया गया है. जिसके तहत मंगलवार को जिलाधिकारी गौरव कुमार और पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार ने जिले में पड़ने वाले बदरीनाथ हाईवे के 160 किलोमीटर हिस्से का कमेड़ा से बदरीनाथ धाम तक स्थलीय निरीक्षण किया.

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने एनएचआईडीसीएल के अधिकारियों को यात्रा मार्ग के खतरनाक स्थानों पर फ्ल्ड लाइट लगवाने से भूस्खलन क्षेत्रों में पूर्व साइन बोर्ड स्थापित करने और हाईवे पर सुरक्षा को लेकर सभी इंतजाम पूर्ण करने के निर्देश दिए. स्थलीय निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने हाईवे संचालित निर्माण कार्यों का जायजा लेते हुए अधिग्रहित भूमि पर अतिक्रमण की स्थिति की जानकारी लेते हुए आवश्यक कार्रवाई करने की बात कही. साथ ही उन्होंने अधिकारियों को हाईवे पर पड़े मलबे का भी शीघ्र निस्तारण करने के निर्देश दिए. उन्होंने हाईवे के संवेदनशील क्षेत्रों का चिन्हीकरण कर शीघ्र सुधारीकरण और सुरक्षा कार्य करवाने के भी आदेश दिए.

डीएम गौरव कुमार ने लैंडस्लाइड वाले क्षेत्रों का भी निरीक्षण किया.
जिलाधिकारी ने यात्रा मार्ग पर पेयजल व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए जल संस्थान और पेयजल निगम के अधिकारियों को हैंडपंप के साथ ही यात्रा मार्ग पर स्थापित वाटर एटीएम की सफाई करते हुए यात्रा से पूर्व सभी संचालन शुरु करने के आदेश दिए. जिलाधिकारी ने यात्रा पड़ावों के साथ ही हाईवे पर बने शौचालयों का भी निरीक्षण किया.

उन्होंने नगर पालिका, नगर पंचायत, जिला पंचायत और सुलभ इंटरनेशनल के अधिकारियों को कार्य में तेजी लाते हुए सभी शौचालयों में पानी और अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं को पूर्ण करने के लिए निर्देशित किया. स्वास्थ्य विभाग को यात्रा मार्ग पर जांच केंद्र स्थापित करने के साथ ही सभी चिकित्सालयों की व्यवस्थाओं को दुरुस्त करते हुए दवाइयों का भंडार यात्रा शुरू होने से पूर्व करने और सभी चिकित्सालयों और स्वास्थ्य केंद्रों में चिकित्सक और अन्य मेडिकल स्टाफ की तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश मुख्य चिकित्साधिकारी को दिए.

